बिहार मतदाता सूची में जीवित लोगों को किया गया मृत घोषित..!
कपिल सिब्बल ने उठाए बड़े सवाल…
19 days ago
Written By: आदित्य कुमार वर्मा
बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision - SIR) को लेकर सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार, 12 अगस्त 2025 को फिर से सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने अदालत के सामने गंभीर गड़बड़ियों का मुद्दा उठाया, जिसमें उन्होंने दावा किया कि हाल ही में जारी पहली ड्राफ्ट लिस्ट में 12 ऐसे लोग मृत घोषित कर दिए गए हैं, जो वास्तव में जीवित हैं।
ड्राफ्ट लिस्ट में 65 लाख नाम गायब होने का आरोप
सिब्बल ने कोर्ट को बताया कि इस महीने जारी एसआईआर की प्रारंभिक सूची में 65 लाख मतदाताओं के नाम शामिल नहीं किए गए हैं। उन्होंने कहा कि यह केवल कुछ क्षेत्रों का मामला नहीं है, बल्कि हर बूथ पर इस तरह की त्रुटियां हो रही हैं, जिससे पूरे पुनरीक्षण की प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
चुनाव आयोग का पक्ष – "छोटी गलतियां संभव"
चुनाव आयोग की ओर से पेश हुए वरिष्ठ वकील राकेश द्विवेदी ने इन आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इतनी विस्तृत प्रक्रिया में छोटी गलतियां होना स्वाभाविक है और इन्हें अंतिम सूची में सुधार लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि कुछ नई याचिकाएं और अंतरिम आवेदन (IA) हाल ही में दाखिल हुए हैं, जिनके साथ करीब 200 पन्नों के दस्तावेज जुड़े हैं, जिन पर अभी प्रतिक्रिया नहीं दी जा सकी है।
सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी – "पीड़ितों की लिस्ट दें"
जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या की बेंच ने सिब्बल से पूछा कि जिन लोगों को मृत घोषित किया गया है, उनकी सूची अदालत को उपलब्ध कराएं, ताकि चुनाव आयोग से जवाब तलब किया जा सके। इस पर सिब्बल ने कहा कि जब हर बूथ पर गड़बड़ी हो रही है, तो पीड़ितों की पहचान करना कठिन है।
नागरिकता और पते के प्रमाण पर बहस
सुनवाई के दौरान सिब्बल ने यह भी दलील दी कि किसी व्यक्ति का नागरिक और क्षेत्र का निवासी होना मतदाता सूची में नाम शामिल करने के लिए पर्याप्त है, और इसके लिए आधार कार्ड में दर्ज जानकारी नियमों के अनुसार मान्य है।
अगली सुनवाई में हो सकती है विस्तृत बहस
कोर्ट ने संकेत दिया कि 65 लाख नाम बाहर होने के आरोप और मृत घोषित जीवित लोगों के मामलों पर विस्तृत सुनवाई के दौरान तथ्य स्पष्ट होंगे। साथ ही, यदि जरूरत पड़ी तो नई दाखिल याचिकाओं और दस्तावेजों पर प्रतिक्रिया देने के लिए समय भी दिया जाएगा।