साढ़े तीन साल बाद होगी इस क्रिक्रेट खिलाड़ी की वापसी…
ख़त्म हुआ आईसीसी का बैन…
24 days ago
Written By: आदित्य कुमार वर्मा
एक समय था जब ब्रेंडन टेलर का नाम जिम्बाब्वे क्रिकेट का पर्याय माना जाता था। मैदान पर उनकी मौजूदगी ही विपक्षी टीमों के लिए चुनौती बन जाती थी। लेकिन 2021 में उनके करियर पर अचानक विराम लग गया, जब आईसीसी ने उन पर भ्रष्टाचार और डोपिंग नियमों के उल्लंघन का आरोप लगाकर बैन लगा दिया। करीब साढ़े तीन साल तक क्रिकेट से दूर रहने के बाद अब वे फिर से वापसी कर रहे हैं, और वो भी इंटरनेशनल टेस्ट क्रिकेट में।
न्यूजीलैंड के खिलाफ होगी टेलर की बहुप्रतीक्षित वापसी
न्यूजीलैंड की टीम इन दिनों जिम्बाब्वे के दौरे पर है, जहां दोनों टीमों के बीच दो टेस्ट मैचों की सीरीज़ खेली जा रही है। पहले टेस्ट में न्यूजीलैंड की टीम बाज़ी मार चुकी है। हालांकि यह सीरीज़ वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का हिस्सा नहीं है, फिर भी दूसरा टेस्ट बेहद अहम है। यह मुकाबला 7 अगस्त से खेला जाएगा और इसी मैच से ब्रेंडन टेलर एक बार फिर मैदान में कदम रखेंगे। लंबे समय बाद क्रिकेट में लौटते हुए टेलर के पास खुद को साबित करने और एक नई शुरुआत करने का बेहतरीन मौका है।
10 हज़ार रनों के बेहद करीब खड़े हैं ब्रेंडन टेलर
इस मुकाबले को खास बनाता है टेलर के लिए एक बड़ा व्यक्तिगत मील का पत्थर। अगर वे इस मैच में 62 रन बना लेते हैं, तो वे जिम्बाब्वे के इतिहास में इंटरनेशनल क्रिकेट में 10,000 रन पूरे करने वाले तीसरे बल्लेबाज़ बन जाएंगे। अब तक उन्होंने 34 टेस्ट मैचों में 2320 रन, 205 वनडे में 6684 रन और 45 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 934 रन बनाए हैं। यानी कुल मिलाकर वे 9938 रनों पर खड़े हैं। ऐसे में पूरी दुनिया की निगाहें इस टेस्ट की हर उनकी गेंद पर टिकी रहेंगी कि क्या वे इस मुकाम को हासिल कर पाते हैं या नहीं।
एंडी फ्लावर और ग्रांट फ्लावर के नक्शेकदम पर टेलर
जिम्बाब्वे के लिए अब तक दो ही बल्लेबाज़ हैं, जिन्होंने इंटरनेशनल क्रिकेट में 10 हज़ार से ज्यादा रन बनाए हैं। पहले हैं एंडी फ्लावर, जिन्होंने 276 मैचों में 11580 रन बनाए और दूसरे हैं ग्रांट फ्लावर, जिनके नाम 288 मैचों में 10028 रन दर्ज हैं। अब ब्रेंडन टेलर को इन दोनों दिग्गजों की लिस्ट में शामिल होने का सुनहरा मौका मिला है।
टेलर के आने से बढ़ा आत्मविश्वा
जिम्बाब्वे की टीम में ब्रेंडन टेलर की वापसी से एक नई ऊर्जा देखने को मिल रही है। कप्तान क्रेग एर्विन के नेतृत्व में टीम में ब्रायन बेनेट, सिकंदर रजा, सीन विलियम्स और ब्लेसिंग मुजाराबानी जैसे अनुभवी खिलाड़ी मौजूद हैं। टेलर की मौजूदगी बल्लेबाज़ी क्रम को स्थिरता और अनुभव दोनों दे सकती है। वहीं दूसरी ओर न्यूजीलैंड की टीम मिशेल सेंटनर की कप्तानी में मजबूत नज़र आ रही है, जिसमें रचिन रवींद्र, डेरिल मिशेल, टॉम ब्लंडेल और मैट हेनरी जैसे खिलाड़ी हैं।
क्या होगी टेलर की दूसरी पारी की शुरुआत यादगार?
किसी भी खिलाड़ी के लिए वापसी आसान नहीं होती, खासकर तब जब वह लम्बे समय तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से बाहर रहा हो। लेकिन टेलर के पास अनुभव की कोई कमी नहीं है। उन्होंने जिम्बाब्वे को कई मुश्किल परिस्थितियों से बाहर निकाला है। अब एक बार फिर मौका है कि वे बल्ले से न सिर्फ अपने देश को मज़बूती दें, बल्कि अपने अधूरे रिकॉर्ड को भी मुकम्मल करें।
इतिहास रचने वाले पल पर क्रिकेट फैंस की निगाहें
7 अगस्त से शुरू होने वाला टेस्ट मैच सिर्फ एक मुकाबला नहीं होगा, बल्कि यह उस खिलाड़ी की वापसी का गवाह बनेगा, जिसे कभी जिम्बाब्वे की रीढ़ कहा जाता था। टेलर की वापसी में भावनाएं, संघर्ष, redemption और इतिहास – सब कुछ शामिल है। देखने वाली बात यह होगी कि क्या टेलर इस मौके को भुनाकर खुद को फिर से स्थापित कर पाएंगे या उन्हें दस हज़ार रन का सपना पूरा करने के लिए और इंतज़ार करना होगा।