CM योगी ने किया कुछ ऐसा टूट गया यूपी के 8 मुख्यमंत्रियों का रिकॉर्ड,
रेस में पीछे छूटे मुलायम, मायावती जैसे दिग्गज, जानें पूरा मामला
1 months ago
Written By: आदित्य कुमार वर्मा
उत्तर प्रदेश की राजनीति में सोमवार को सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने एक नया इतिहास रच दिया है। दरअसल CM योगी ने राज्य में लगातार सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री पद पर बने रहने का कीर्तिमान अपने नाम कर लिया है। उन्होंने गोविंद बल्लभ पंत का 72 वर्ष पुराना रिकॉर्ड तोड़ते हुए एक नया अध्याय जोड़ा है। योगी आदित्यनाथ ने 19 मार्च 2017 को पहली बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी और तब से अब तक लगातार आठ वर्ष और 132 दिन का कार्यकाल पूर्ण कर चुके हैं। वह अब उत्तर प्रदेश के इतिहास में सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री बने रहने वाले पहले नेता बन गए हैं।
इतिहास के पन्नों में अमिट छाप
इससे पहले स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और उत्तर प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री गोविंद बल्लभ पंत का कार्यकाल (स्वतंत्रता पूर्व सहित) 8 वर्ष 127 दिन का था। योगी आदित्यनाथ ने यह रिकॉर्ड तोड़ते हुए स्वर्गीय मुलायम सिंह यादव, एनडी तिवारी, मायावती और अखिलेश यादव जैसे दिग्गज नेताओं को पीछे छोड़ दिया है।
‘पूर्ण कार्यकाल के बाद दोबारा मुख्यमंत्री’ बनने वाले पहले नेता
योगी आदित्यनाथ न केवल सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले मुख्यमंत्री बने हैं, बल्कि वह उत्तर प्रदेश के ऐसे पहले मुख्यमंत्री भी हैं जिन्होंने पूर्ण कार्यकाल के बाद लगातार दूसरी बार सत्ता संभाली है। वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में पुनः पूर्ण बहुमत के साथ सत्ता में वापसी करते हुए उन्होंने यह उपलब्धि प्राप्त की।
शासन का नया मॉडल, सुशासन की मिसाल
योगी सरकार के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने न केवल राजनीतिक स्थिरता प्राप्त की, बल्कि निवेश, बुनियादी ढांचे और कानून-व्यवस्था के क्षेत्र में भी अभूतपूर्व प्रगति की। आज “नया उत्तर प्रदेश” केवल एक नारा नहीं, बल्कि जनभागीदारी, पारदर्शिता और निष्पक्ष प्रशासन पर आधारित एक वास्तविकता बन चुका है। योगी आदित्यनाथ का यह कार्यकाल जनसेवा, अनुशासन और प्रशासनिक दक्षता की दृष्टि से ऐतिहासिक माना जा रहा है।
विधान भवन की प्राचीर पर आठवीं बार ध्वजारोहण
मुख्यमंत्री के रूप में लगातार आठवीं बार विधान भवन की प्राचीर पर ध्वजारोहण करके योगी आदित्यनाथ ने एक और नया रिकॉर्ड कायम किया है, जो अब तक कोई मुख्यमंत्री नहीं कर सका।
आध्यात्मिक पृष्ठभूमि से राजनैतिक ऊँचाई तक
योगी आदित्यनाथ की यात्रा केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि एक धार्मिक व आध्यात्मिक मार्ग से होती हुई सत्ता के शीर्ष तक पहुंची है। वर्ष 2014 में वह गोरखनाथ मठ के महंत बने और आज भी इस भूमिका को निभा रहे हैं। उनके आध्यात्मिक गुरु महंत अवैद्यनाथ के निधन के बाद उन्होंने यह ज़िम्मेदारी संभाली थी।
सबसे युवा सांसदों में से एक
राजनीति में उनका प्रवेश भी कम प्रेरणादायक नहीं रहा। वर्ष 1998 में मात्र 26 वर्ष की आयु में उन्होंने गोरखपुर से लोकसभा चुनाव जीतकर संसदीय राजनीति में कदम रखा और लगातार पांच बार सांसद बने। योगी को सबसे युवा सांसदों में से भी एक माना जाता रहा है।
UP में बाकि मुख्यमंत्रियों का कार्यकाल
आपको बताते चलें की, CM योगी के पहले ये खिताब अपने नाम रखने वाले UP के पूर्व CM गोविंद बल्लभ पंत कुल 8 साल 127 दिन तक मुख्यमंत्री रहे थे। वहीं मायावती 7 वर्ष 16 दिन, मुलायम सिंह 6 वर्ष 274 दिन, डॉ संपूर्णानंद 5 वर्ष 345 दिन, नारायण दत्त तिवारी 3 वर्ष 314 दिन, चंद्रभानु गुप्ता 3 वर्ष 311 दिन तथा कल्याण सिंह 3 वर्ष 217 दिन CM रहे थे। जिसके बाद अब योगी आदित्य नाथ ने सबका रिकार्ड तोड़ते हुए ये खिताब अपने नाम किया है।