कोटा में भारी बारिश से बांधों में पानी की भरमार, बैराज के खुले 12 गेट,
नदी किनारे बस्तियों में घुसा पानी
1 months ago
Written By: Ashutosh Dixit
Uttar Pradesh News: कोटा जिले में बीते दिनों कैचमेंट एरिया में हुई अच्छी बारिश का असर अब साफ नजर आ रहा है। जिले के दो प्रमुख बांधों में जल स्तर तेजी से बढ़ रहा है। ऐसे में बांधों से बड़ी मात्रा में पानी छोड़ा जा रहा है, जिससे नदी किनारे बसे निचले इलाकों में पानी घुस गया है। प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी है। साथ ही स्कूलों में दो दिन की छुट्टी भी घोषित कर दी गई है।
कोटा बैराज से छोड़ा गया करीब 3 लाख क्यूसेक पानी
सोमवार सुबह 7 बजे कोटा बैराज के 12 गेट खोल दिए गए। इनमें से 6 गेट 20-20 फीट और 6 गेट 25-25 फीट तक खोले गए हैं। बैराज से करीब 2 लाख 90 हजार 544 क्यूसेक पानी चंबल नदी में छोड़ा जा रहा है। कोटा बैराज की अधिकतम क्षमता 854 फीट है, और इस समय जल स्तर 852.80 फीट तक पहुंच चुका है। पानी छोड़े जाने के चलते चंबल नदी के किनारे बसे निचले इलाकों में पानी पहुंच गया है, जिससे लोगों की चिंता बढ़ गई है।
नवनेरा बांध से भी भारी जल निकासी
ERCP परियोजना के पहले बांध नवनेरा में भी पानी की जोरदार आवक हो रही है। सुबह 7 बजे यहां भी 11 गेट खोले गए हैं, जिनसे करीब 2 लाख 47 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। जल संसाधन विभाग ने नदी किनारे और भराव क्षेत्र में बसे गांवों को अलर्ट कर दिया है।
स्कूलों में दो दिन की छुट्टी, परीक्षाएं यथावत
मौसम विभाग ने कोटा जिले में भारी बारिश की संभावना जताई है। सोमवार सुबह से आसमान में बादल छाए हुए हैं और 9:15 बजे के बाद रिमझिम बारिश भी शुरू हो गई। एहतियात के तौर पर जिला कलेक्टर पीयूष समारिया ने सोमवार और मंगलवार को जिले के सभी सरकारी और निजी स्कूलों (कक्षा 1 से 12) में विद्यार्थियों के लिए छुट्टी घोषित कर दी है। हालांकि स्कूल स्टाफ को नियमित रूप से उपस्थित रहना होगा और पूर्वनिर्धारित परीक्षाएं तय कार्यक्रम के अनुसार ही कराई जाएंगी। बता दें कि प्रशासन ने नदी किनारे बसे गांवों के लोगों से अपील की है कि वे सावधानी बरतें और प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करें। जल स्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है।