आरआरबी के पूर्व चेयरमैन समेत 5 पर CBI की FIR, रिश्वत और धांधली के संगीन आरोप,
जानिए क्या है पूरा मामला
22 days ago
Written By: Ashwani Tiwari
Uttar Pradesh News: रेलवे भर्ती में बड़े घोटाले का पर्दाफाश करते हुए सीबीआई ने गोरखपुर रेलवे भर्ती बोर्ड (आरआरबी) के पूर्व चेयरमैन समेत पांच लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। यह मामला साल 2018-19 में आयोजित असिस्टेंट लोको पायलट और टेक्नीशियन ग्रेड भर्ती से जुड़ा है। आरोप है कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं बरती गई और जानबूझकर चयनित उम्मीदवारों के पैनल जारी करने में देरी की गई ताकि उनसे अवैध रूप से पैसे वसूले जा सकें। सीबीआई ने इस मामले में गुरुवार को गोरखपुर में कई ठिकानों पर छापेमारी कर अहम दस्तावेज भी बरामद किए हैं।
कौन-कौन है आरोपी
सीबीआई की एंटी करप्शन ब्यूरो, लखनऊ ने यह मामला उत्तर-पूर्व रेलवे के उप मुख्य सतर्कता अधिकारी (लेखा) की रिपोर्ट पर दर्ज किया। एफआईआर में तत्कालीन चेयरमैन प्रवीण कुमार राय, तत्कालीन टेक्नीशियन विनय कुमार श्रीवास्तव, तत्कालीन कार्यालय सहायक वरुण राज मिश्रा, सूरज कुमार श्रीवास्तव और अन्य अज्ञात लोगों के नाम शामिल हैं। जांच में सामने आया है कि चयनित उम्मीदवारों की सूची जानबूझकर समय पर तैयार और जारी नहीं की गई। देरी करने के बाद कुछ उम्मीदवारों से पैसे की मांग की गई। कई उम्मीदवारों ने आरोप लगाया था कि उनका चयन रोककर उनसे वसूली की गई।
जांच में आरोपों की हुई पुष्टि
बता दें कि रेलवे विजिलेंस की आंतरिक जांच में इन आरोपों की पुष्टि हुई। रिपोर्ट में कहा गया कि भर्ती प्रक्रिया में एक संगठित तरीके से धोखाधड़ी, घूसखोरी और साजिश रची गई थी। इसी आधार पर सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की और मामले की गहन जांच शुरू की।
सीबीआई की छापेमारी और बरामदगी
दरअसल, गुरुवार को सीबीआई ने गोरखपुर में आरोपियों के घरों पर छापेमारी की, जहां से कई बैंक पासबुक, जमीन के कागजात, जेवर और महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद हुए। एजेंसी इन कागजातों की जांच कर रही है ताकि अवैध लेन-देन और संपत्ति के सबूत जुटाए जा सकें। वहीं सीबीआई अधिकारियों का कहना है कि यह मामला गंभीर है और इसकी गहन जांच जरूरी है, क्योंकि इसमें और लोगों के शामिल होने की संभावना है। जल्द ही सभी आरोपियों से पूछताछ की जाएगी। इस घटना ने रेलवे भर्ती की पारदर्शिता पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।